कई बार अनजाने में की गई सर्च, डाउनलोड या शेयरिंग आपको गंभीर कानूनी मुसीबत में डाल सकती है।
illegal Google searches in India: आज के डिजिटल दौर में इंटरनेट और गूगल हमारी रोज़मर्रा की ज़िंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं। पढ़ाई, नौकरी, खरीदारी, बैंकिंग से लेकर मनोरंजन तक हर काम ऑनलाइन हो रहा है। लेकिन बहुत से लोग यह नहीं जानते कि इंटरनेट की आज़ादी के साथ कुछ कानूनी सीमाएं भी जुड़ी होती हैं। कई बार अनजाने में की गई सर्च, डाउनलोड या शेयरिंग आपको गंभीर कानूनी मुसीबत में डाल सकती है। भारत में आईटी एक्ट, आईपीसी और अन्य कानूनों के तहत कुछ ऑनलाइन गतिविधियों को अपराध माना गया है, जिनमें जुर्माने के साथ जेल तक की सज़ा का प्रावधान है। आइए आसान भाषा में समझते हैं कि किन चीज़ों से दूरी बनाए रखना ज़रूरी है।
गर्भपात से जुड़ी अवैध जानकारी सर्च करना
भारत में गर्भपात मेडिकल टर्मिनेशन ऑफ प्रेग्नेंसी (MTP) एक्ट के तहत नियंत्रित है। गूगल पर गर्भपात कराने के गैरकानूनी तरीकों, घरेलू नुस्खों या अवैध दवाओं से जुड़ी जानकारी सर्च करना या शेयर करना अपराध माना जा सकता है। ऐसी जानकारी न केवल कानूनन गलत है, बल्कि महिला के स्वास्थ्य के लिए भी बेहद खतरनाक हो सकती है। गर्भपात से जुड़ी कोई भी जानकारी केवल पंजीकृत डॉक्टर या अधिकृत मेडिकल स्रोतों से ही लेनी चाहिए।
किसी पीड़िता की पहचान उजागर करना
यौन अपराध, घरेलू हिंसा या किसी गंभीर अपराध की पीड़िता का नाम, फोटो, वीडियो या पहचान से जुड़ी कोई भी जानकारी ऑनलाइन सर्च करना, पोस्ट करना या शेयर करना कानून के खिलाफ है। सुप्रीम कोर्ट और भारतीय कानून पीड़िता की निजता की रक्षा करते हैं। ऐसा करने पर आईटी एक्ट और आईपीसी के तहत सख्त कार्रवाई हो सकती है, जिसमें जेल की सज़ा भी शामिल है।
पोर्नोग्राफी और अश्लील कंटेंट
भारत में अश्लील सामग्री का निर्माण, प्रसारण और वितरण अपराध की श्रेणी में आता है। खासतौर पर चाइल्ड पोर्नोग्राफी से जुड़ी सर्च या शेयरिंग बेहद गंभीर अपराध है। आईटी एक्ट की धारा 67 और 67B के तहत इस पर कड़ी सज़ा का प्रावधान है। कई लोग यह सोचते हैं कि सिर्फ सर्च करने से कुछ नहीं होगा, लेकिन डिजिटल ट्रैकिंग के ज़रिए ऐसी गतिविधियों पर नजर रखी जाती है।
बम, हथियार या विस्फोटक बनाने की जानकारी
गूगल पर बम बनाने, हथियार तैयार करने या किसी भी तरह के विस्फोटक से जुड़ी प्रक्रिया सर्च करना राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मामला माना जाता है। ऐसी सर्च को आतंकी गतिविधियों से जोड़कर देखा जा सकता है। गैरकानूनी हथियारों या विस्फोटकों से जुड़ी जानकारी रखने, फैलाने या सर्च करने पर UAPA और IPC के तहत जेल की सज़ा हो सकती है।
पाइरेटेड फिल्म, वेब सीरीज और सॉफ्टवेयर
फिल्म रिलीज से पहले उसे डाउनलोड करना, लीक करना या किसी टोरेंट वेबसाइट से पाइरेटेड कंटेंट डाउनलोड करना कॉपीराइट कानून का उल्लंघन है। कई लोग इसे मामूली बात समझते हैं, लेकिन इसके लिए भारी जुर्माना और जेल की सज़ा तक हो सकती है। यही नियम सॉफ्टवेयर, गेम्स और ई-बुक्स पर भी लागू होता है।
निजी फोटो या वीडियो बिना अनुमति शेयर करना
किसी व्यक्ति की निजी फोटो, वीडियो या चैट बिना उसकी सहमति के सोशल मीडिया, गूगल ड्राइव या किसी वेबसाइट पर अपलोड करना निजता के अधिकार का उल्लंघन है। इसे साइबर अपराध माना जाता है। रिवेंज पोर्न, मॉर्फ की गई तस्वीरें या निजी कंटेंट लीक करने पर आईटी एक्ट और आईपीसी के तहत कड़ी कार्रवाई होती है।
illegal Google searches in India पर अतिरिक्त सावधानी क्यों ज़रूरी है?
आज साइबर क्राइम सेल और एजेंसियां डिजिटल गतिविधियों पर नजर रखती हैं। आपकी सर्च हिस्ट्री, आईपी एड्रेस और ऑनलाइन एक्टिविटी ट्रेस की जा सकती है। इसलिए इंटरनेट का इस्तेमाल सोच-समझकर और जिम्मेदारी से करना बेहद जरूरी है।
Ancient Indian Construction Technology: बिना सीमेंट की इमारतें सदियों तक कैसे टिकी रहीं?
Lohri 2026: लोहड़ी की आग में क्या अर्पित करें? जानिए हर चीज़ का धार्मिक और वैज्ञानिक अर्थ





