Vande Bharat Sleeper Train: 14 घंटे में हावड़ा से गुवाहाटी! पीएम मोदी ने दिखाई भारत की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन
भारत की रेलवे यात्रा आज एक नए दौर में प्रवेश कर चुकी है। शनिवार, 17 जनवरी 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के मालदा टाउन से देश की पहली Vande Bharat Sleeper Train को हरी झंडी दिखाकर राष्ट्र को समर्पित किया। यह सिर्फ एक ट्रेन की शुरुआत नहीं, बल्कि पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत के लोगों के लिए तेज, आरामदायक और आधुनिक रेल सफर का वादा है।
हावड़ा से गुवाहाटी तक अब सिर्फ 14 घंटे
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन हावड़ा (कोलकाता) से गुवाहाटी (कामाख्या) के बीच चलेगी। यह करीब 958 किलोमीटर की दूरी को मात्र 14 घंटे में पूरा करेगी। अभी तक इस रूट पर लंबा समय लगता था, लेकिन अब यात्रियों को बड़ी राहत मिलने वाली है। ट्रेन की अधिकतम स्पीड 180 किलोमीटर प्रति घंटा है, जो इसे भारत की सबसे तेज स्लीपर ट्रेनों में शामिल करती है।
First Vande Bharat Sleeper India
इस ट्रेन की सबसे बड़ी खासियत है इसका आराम। कुल 16 कोच वाली इस ट्रेन में 1128 यात्रियों के सफर की व्यवस्था है।
- 11 एसी-3 टियर कोच
- 4 एसी-2 टियर कोच
- 1 फर्स्ट एसी कोच
किराए की बात करें तो थर्ड एसी का किराया करीब ₹2,300, सेकेंड एसी का ₹3,000 और फर्स्ट एसी का किराया लगभग ₹3,600 तय किया गया है। सुविधाओं के हिसाब से यह किराया यात्रियों को संतुलित और उचित लग रहा है।
सुरक्षा और सुविधा पर खास ध्यान
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में यात्रियों की सुरक्षा को सबसे ऊपर रखा गया है। इसमें कवच सेफ्टी सिस्टम लगाया गया है, जो हादसों को रोकने में मदद करता है। इसके अलावा ट्रेन में
- मॉडर्न और साफ-सुथरे टॉयलेट
- आधुनिक पैंट्री कार
- आरामदायक सीट और बर्थ के लिए बेहतर कुशनिंग
- कम शोर और स्मूद सफर का अनुभव
जैसी सुविधाएं दी गई हैं। लंबी दूरी की यात्रा करने वालों के लिए यह ट्रेन किसी वरदान से कम नहीं है।
सिर्फ ट्रेन नहीं, विकास का संदेश
मालदा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने सिर्फ ट्रेन को ही हरी झंडी नहीं दिखाई, बल्कि 3,250 करोड़ रुपये से ज्यादा की रेल और सड़क परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण भी किया। इनमें नई रेल लाइनों का निर्माण, रेलवे विद्युतीकरण, लोको शेड का उन्नयन और वंदे भारत ट्रेनों के रखरखाव से जुड़ी आधुनिक सुविधाएं शामिल हैं।
इसके साथ ही पीएम मोदी ने चार नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को वर्चुअली हरी झंडी दिखाई, जिससे उत्तर-पूर्व और अन्य हिस्सों का रेल संपर्क और मजबूत होगा।
चुनावी साल में बड़ा संदेश
ध्यान देने वाली बात यह भी है कि पश्चिम बंगाल और असम में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे समय में इस तरह की बड़ी परियोजनाएं यह संदेश देती हैं कि केंद्र सरकार इन राज्यों के विकास और कनेक्टिविटी को प्राथमिकता दे रही है।
उत्तर-पूर्व के लिए नई रफ्तार
हावड़ा से गुवाहाटी के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू होने से न सिर्फ यात्रा आसान होगी, बल्कि व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर भी खुलेंगे। खासतौर पर उत्तर-पूर्वी भारत के लोगों के लिए यह ट्रेन देश के बाकी हिस्सों से जुड़ने का एक मजबूत माध्यम बनेगी।
कुल मिलाकर, वंदे भारत स्लीपर ट्रेन भारतीय रेलवे की बदलती तस्वीर का प्रतीक है। यह दिखाती है कि अब ट्रेन यात्रा सिर्फ सफर नहीं, बल्कि आराम, सुरक्षा और समय की बचत का अनुभव बनने जा रही है।
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