दिल्ली पुलिस में तैनात दो सब-इंस्पेक्टर — अंकुर मलिक और नेहा पूनिया — अदालत से फर्जी आदेश लेकर साइबर क्राइम में फ्रीज हुए बैंक खातों से पैसे निकालने के बाद फरार हो गए थे। लेकिन अब इन्हें चार महीने की लंबी तलाश के बाद मध्य प्रदेश के इंदौर से गिरफ्तार कर लिया गया है। इन दोनों की गिरफ्तारी के साथ ही दिल्ली पुलिस की छवि पर एक बार फिर सवाल उठे हैं, क्योंकि ये वही लोग थे जिन्हें अपराध रोकने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी, लेकिन उन्होंने ही सिस्टम का दुरुपयोग किया।

