‘पुलिस बुला ले!’ सरेआम थप्पड़ों की बरसात, चुप खड़ा रहा युवक! Gurugram Viral Video से मचा तूफान
Gurugram Viral Video: गुरुग्राम की एक सड़क पर हुई घटना ने सोशल मीडिया पर बहस छेड़ दी है। एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक युवती सरेआम एक युवक को थप्पड़ मारती नजर आ रही है। युवक चुपचाप खड़ा है, जबकि आसपास मौजूद लोग मोबाइल निकालकर वीडियो बना रहे हैं। यह क्लिप कुछ ही घंटों में हजारों लोगों तक पहुंच गई और अब इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
क्या है वीडियो में?
Public Harassment Debate को लेकर वायरल हो रहे वीडियो में एक युवती बेहद गुस्से में नजर आती है। वह युवक को लगातार थप्पड़ मारते हुए चिल्लाती है—“पुलिस बुला ले, मैं भी चाहती हूं कि पुलिस आए। मेरे पास सारे सबूत हैं।”
वीडियो में युवक शांत खड़ा दिखाई देता है। वह न तो पलटकर जवाब देता है और न ही हाथ उठाता है। आसपास मौजूद कुछ लोग बीच-बचाव की कोशिश करते हैं, लेकिन युवती उन्हें भी रोक देती है और कहती है कि कोई दखल न दे।
यह घटना युवक के ही एक साथी द्वारा कैमरे में रिकॉर्ड की गई, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि वीडियो कब और कहां का है, लेकिन इसे गुरुग्राम से जुड़ा बताया जा रहा है।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
वीडियो वायरल होते ही लोगों की प्रतिक्रियाएं आने लगीं। कुछ लोगों ने युवती के गुस्से को जायज बताया और कहा कि अगर उसके पास सबूत हैं, तो शायद मामला गंभीर रहा होगा। वहीं कई यूजर्स ने इसे सार्वजनिक हिंसा करार देते हुए निंदा की।
कई कमेंट्स में लिखा गया कि “रिश्तों में चाहे जो भी विवाद हो, सड़क पर थप्पड़ मारना सही नहीं है।” कुछ लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि आसपास मौजूद लोग मदद करने के बजाय सिर्फ वीडियो क्यों बना रहे थे।
इस घटना ने एक और मुद्दा खड़ा कर दिया है—क्या हम संवेदनशील स्थितियों में मदद करने के बजाय तमाशबीन बनते जा रहे हैं?
पुलिस का क्या कहना है?
अब तक पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। पीआरओ टीम का कहना है कि यदि कोई शिकायत मिलती है, तो जांच की जाएगी। फिलहाल न तो युवक की पहचान सामने आई है और न ही युवती की।
अक्सर ऐसे मामलों में पूरी सच्चाई सामने आने में समय लगता है। वीडियो में सिर्फ एक हिस्सा दिखता है, लेकिन असली वजह क्या थी, यह अभी साफ नहीं है।
मानसिक और सामाजिक असर
विशेषज्ञों का कहना है कि सरेआम अपमान या शारीरिक हिंसा का मानसिक असर गंभीर हो सकता है। चाहे मामला किसी भी पक्ष का हो, सार्वजनिक स्थान पर इस तरह का व्यवहार दोनों ही लोगों के लिए नुकसानदायक होता है।
सड़क पर हुई ऐसी घटनाएं सिर्फ दो लोगों के बीच का मामला नहीं रह जातीं, बल्कि समाज के सामने एक उदाहरण बन जाती हैं। खासकर जब वह वीडियो के रूप में वायरल हो जाए।
रिश्तों में सम्मान जरूरी
यह घटना हमें एक अहम बात याद दिलाती है—रिश्तों में असहमति या झगड़ा हो सकता है, लेकिन सम्मान और संयम बनाए रखना जरूरी है। गुस्से में उठाया गया एक कदम बाद में पछतावे का कारण बन सकता है।
सार्वजनिक जगहों पर किसी को अपमानित करना या मारना न सिर्फ कानूनी रूप से गलत हो सकता है, बल्कि सामाजिक रूप से भी गलत संदेश देता है।
तमाशबीन संस्कृति पर सवाल
वीडियो में एक और बात साफ नजर आती है—लोगों का रवैया। कई लोग घटना को देखते रहे, मोबाइल कैमरे ऑन रहे, लेकिन किसी ने ठोस हस्तक्षेप नहीं किया।
क्या हम ऐसे दौर में पहुंच चुके हैं जहां मदद करने से ज्यादा वीडियो बनाना जरूरी लगने लगा है? यह सवाल भी सोशल मीडिया पर उठाया जा रहा है।
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