भारत की सांस्कृतिक विविधता और त्योहारों की परंपरा विश्वभर में अद्वितीय है। यहां हर पर्व न केवल धार्मिक अनुष्ठानों से जुड़ा होता है, बल्कि वह सामाजिक, पारिवारिक, प्राकृतिक और सांस्कृतिक मूल्यों को भी संजोए हुए होता है। इन्हीं त्योहारों में एक बेहद खास, हृदय को छू लेने वाला पर्व है – हरियाली तीज।
श्रावण मास की रिमझिम फुहारों में जब धरती हरे रंग की चादर ओढ़ लेती है, तब यह पर्व प्रकृति की सुंदरता, नारी शक्ति, प्रेम और समर्पण का उत्सव बनकर आता है। हरियाली तीज, केवल एक धार्मिक व्रत नहीं, बल्कि महिलाओं के लिए उत्सव और उल्लास का प्रतीक है।

