उत्तराखंड की लोक संस्कृति में कई ऐसे पर्व हैं जो प्रकृति से जुड़े हुए हैं और जिनका सीधा संबंध हमारे जीवन और पर्यावरण से होता है। इन्हीं में से एक प्रमुख त्योहार है हरेला, जो कुमाऊं क्षेत्र में बड़े उत्साह और श्रद्धा से मनाया जाता है। यह पर्व हरियाली, नई फसल, समृद्धि और जीवन में नई ऊर्जा का प्रतीक है।